पीएम मोदी पर टिप्पणी के विरोध में एक मंच पर आए सभी बीजेपी जनप्रतिनिधि, अजय राय के आपराधिक इतिहास का किया जिक्र
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष Ajay Rai की कथित अभद्र टिप्पणी को लेकर शनिवार को वाराणसी की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम देखने को मिला। भाजपा के पदाधिकारी, विधायक, एमएलसी और तमाम जनप्रतिनिधि एक मंच पर एकजुट होकर मीडिया के सामने आए और अजय राय के बयान पर कड़ी नाराजगी जताई।
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प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भाजपा नेताओं ने केवल प्रधानमंत्री पर की गई टिप्पणी का विरोध ही नहीं किया, बल्कि अजय राय के राजनीतिक और आपराधिक इतिहास का भी खुलकर जिक्र किया। नेताओं ने कहा कि अजय राय का अतीत अपराध और विवादों से जुड़ा रहा है और ऐसे व्यक्ति द्वारा प्रधानमंत्री जैसे संवैधानिक पद पर बैठे नेता के खिलाफ अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल किया जाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
भाजपा नेताओं ने कहा कि बनारस की जनता सब कुछ जानती है और जनता यह भी जानती है कि कौन विकास की राजनीति करता है और कौन केवल विवादित बयान देकर राजनीतिक माहौल खराब करने का प्रयास करता है। प्रेस कॉन्फ्रेंस में मौजूद नेताओं ने कांग्रेस पर भी तीखा हमला बोला और कहा कि पार्टी लगातार राजनीतिक स्तर गिराने का काम कर रही है।
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— The Varanasi News (@thevaranasinews) May 24, 2026
हालांकि इस पूरे घटनाक्रम के बीच शहर में एक अलग बहस भी छिड़ गई है। लोगों का कहना है कि जिस तरह भाजपा के तमाम नेता एक बयान के विरोध में एकजुट होकर सामने आए, यदि यही एकजुटता जनता की समस्याओं — जैसे ट्रैफिक, जलभराव, सड़क, बिजली, स्वास्थ्य और ग्रामीण इलाकों की परेशानियों — को लेकर दिखाई जाती, तो बनारस की कई समस्याओं का समाधान हो सकता था।
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वहीं दूसरी ओर Ajay Rai ने भाजपा के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि जिस वीडियो को लेकर विवाद खड़ा किया जा रहा है, वह “AI जनरेटेड” है। उन्होंने दावा किया कि वीडियो के साथ छेड़छाड़ की गई है और भाजपा राजनीतिक लाभ लेने के लिए इसे मुद्दा बना रही है।
इस पूरे मामले के बाद बनारस का सियासी माहौल और गर्म हो गया है। भाजपा इसे प्रधानमंत्री के सम्मान और मर्यादा से जोड़कर देख रही है, जबकि कांग्रेस इसे राजनीतिक हमला बता रही है। आने वाले दिनों में यह विवाद और अधिक तूल पकड़ सकता है।


