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गंगा में बियर पार्टी: अर्जुन राजभर गिरफ्तार, बाकी आरोपियों की तलाश जारी

धर्म और आस्था की नगरी काशी में इन दिनों गंगा की मर्यादा को लेकर लगातार विवाद सामने आ रहे हैं। रमजान के दौरान गंगा में नाव पर कथित ‘बिरयानी पार्टी’ का मामला अभी ठंडा भी नहीं पड़ा था कि अब गंगा की लहरों पर ‘बियर पार्टी’ का वीडियो वायरल होने से नया विवाद खड़ा हो गया है। इस घटनाक्रम ने काशी की गलियों से लेकर राजनीतिक गलियारों तक हलचल मचा दी है।

बताया जा रहा है कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में कुछ युवक नाव पर सवार होकर बियर पीते और डांस करते नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय नाविकों ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए पुलिस से शिकायत की और कार्रवाई की मांग की।

मामले ने तब और तूल पकड़ लिया जब AIMIM प्रमुख Asaduddin Owaisi ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर इस मुद्दे को उठाया। उन्होंने पहले ‘बिरयानी पार्टी’ मामले में 14 मुस्लिम युवकों की गिरफ्तारी का जिक्र करते हुए बियर पार्टी करने वालों पर भी समान कार्रवाई की मांग की।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई

मामले की गंभीरता को देखते हुए वाराणसी कमिश्नरेट पुलिस तुरंत एक्शन में आई। वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई, जिसमें अर्जुन राजभर नामक युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पुलिस के अनुसार आरोपी डेकोरेशन का काम करता है और शीतला 

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माता मंदिर जाते समय नाव पर मौजूद कुछ लोगों के साथ बियर पी रहा था। गिरफ्तारी के बाद आरोपी ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए माफी भी मांगी है। फिलहाल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।

नाविकों में नाराजगी

गंगा में इस तरह की गतिविधियों को लेकर नाविक समुदाय में भारी नाराजगी है। उनका कहना है कि गंगा केवल एक नदी नहीं बल्कि आस्था का प्रतीक है और इस तरह की घटनाएं धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाती हैं।

क्या था ‘बिरयानी पार्टी’ मामला?

गौरतलब है कि इससे पहले रमजान के महीने में ‘रोजा इफ्तार’ के नाम पर गंगा में नाव पर बिरयानी पार्टी करने का वीडियो वायरल हुआ था। इस मामले में 14 मुस्लिम युवकों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। भाजपा युवा मोर्चा के महानगर अध्यक्ष रजत जायसवाल की शिकायत पर कोतवाली 

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थाने में मुकदमा दर्ज हुआ था। नाविक ने भी आरोप लगाया था कि उसका अपहरण कर जबरदस्ती यह पार्टी कराई गई।

गिरफ्तार आरोपियों की जमानत याचिका को न्यायालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए खारिज कर दिया था और वे अब भी जेल में हैं।

लगातार बढ़ रहे सवाल

गंगा में एक के बाद एक सामने आ रहे इन मामलों ने प्रशासन और कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि पुलिस इस ‘बियर पार्टी’ मामले में आगे क्या कार्रवाई करती है और क्या गंगा की मर्यादा बनाए रखने के लिए कोई सख्त कदम उठाए जाते हैं।