वाराणसी में गंगा किनारे चार बोरियों में मिला कोडीनयुक्त कफ सिरप, पुलिस जांच में जुटी
चौबेपुर थाना क्षेत्र के चंद्रावती गांव स्थित जैन मंदिर घाट पर सोमवार को बड़ी मात्रा में संदिग्ध कफ सिरप मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। घाट किनारे चार बोरियों में बड़ी संख्या में 'फेयरडिल' (Fairdil) नामक कोडीनयुक्त कफ सिरप की बोतलें बरामद हुई हैं। सूचना मिलते ही ग्रामीणों की भीड़ मौके पर जुट गई और पुलिस को मामले की जानकारी दी गई।
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ग्रामीणों के अनुसार, बरामद कफ सिरप की बोतलों पर निर्माण तिथि जून 2026 तथा एक्सपायरी वर्ष 2028 अंकित है। इतनी नई दवा को बड़ी मात्रा में इस तरह फेंके जाने से ग्रामीणों ने संदेह जताया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि किसी अज्ञात वाहन से इन बोरियों को लाकर गंगा में फेंकने का प्रयास किया गया होगा, लेकिन किसी कारणवश वे घाट किनारे ही रह गईं।
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— The Varanasi News (@thevaranasinews) July 22, 2026
सूचना मिलने पर चौबेपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और सभी बोरियों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कफ सिरप की यह खेप कहां से लाई गई, इसे यहां किसने फेंका और इसके पीछे क्या उद्देश्य था।
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फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि बरामद कफ सिरप असली है या नकली। पुलिस का कहना है कि दवा के नमूनों की जांच कराई जाएगी, जिसके बाद ही इसकी गुणवत्ता और पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
गौरतलब है कि कोडीनयुक्त कफ सिरप का अवैध नशे के रूप में भी दुरुपयोग किए जाने के कई मामले सामने आते रहे हैं। ऐसे में गंगा किनारे इतनी बड़ी मात्रा में कफ सिरप मिलने की घटना को गंभीरता से देखा जा रहा है।



