gnews वाराणसी में गंगा में डूब रहा था बिहार का युवक, एनडीआरएफ ने मौत के मुंह से खींच निकाला - The Varanasi News
HEADLINE
Dark Mode
Large text article

वाराणसी में गंगा में डूब रहा था बिहार का युवक, एनडीआरएफ ने मौत के मुंह से खींच निकाला

वाराणसी के दांडी घाट पर गुरुवार सुबह गंगा स्नान के दौरान एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। स्नान करते समय एक युवक गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। युवक की चीख-पुकार सुनकर मौके पर मौजूद लोगों ने तत्काल एनडीआरएफ की टीम को सूचना दी। पिकेट एवं पेट्रोलिंग ड्यूटी पर तैनात 11वीं वाहिनी एनडीआरएफ के जवानों ने बिना देर किए गंगा में छलांग लगाकर युवक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

विज्ञापन
प्राप्त जानकारी के अनुसार, युवक स्नान के दौरान अचानक अनियंत्रित होकर गहरे पानी में पहुंच गया। पानी का बहाव तेज होने के कारण वह डूबने लगा और मदद के लिए जोर-जोर से चिल्लाने लगा। सूचना मिलते ही घाट पर तैनात एनडीआरएफ की टीम तत्काल सक्रिय हुई और त्वरित रेस्क्यू अभियान चलाते हुए युवक को सुरक्षित नदी से बाहर निकालकर तट पर पहुंचाया।

 

बचाए गए युवक की पहचान रिशुराज (20 वर्ष) पुत्र सतीश कुमार पटेल, निवासी नालंदा, बिहार के रूप में हुई है। समय रहते एनडीआरएफ के जवानों द्वारा की गई कार्रवाई से युवक की जान बच गई।


एनडीआरएफ के उप महानिरीक्षक मनोज कुमार शर्मा ने बताया कि टीम की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के चलते एक बड़ा हादसा टल गया। उन्होंने कहा कि गंगा समेत अन्य नदियों और जलाशयों में स्नान या अन्य गतिविधियों के दौरान जल सुरक्षा नियमों का पालन करना अत्यंत आवश्यक है।

विज्ञापन
उन्होंने लोगों से अपील की कि गहरे पानी में जाने से बचें, चेतावनी संकेतों का पालन करें तथा घाटों पर तैनात सुरक्षा कर्मियों के निर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन करें। उन्होंने कहा कि जागरूकता और सतर्कता ही डूबने की घटनाओं को रोकने का सबसे प्रभावी उपाय है।


उप महानिरीक्षक ने विशेष रूप से मानसून के मौसम में अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह देते हुए कहा कि इस दौरान नदियों का जलस्तर और जलधारा का वेग अचानक बढ़ सकता है, जिससे हादसों की आशंका अधिक रहती है। इसलिए किसी भी प्रकार की लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है।